अपराधों को लेकर कांग्रेस कर रही है राजनीति, राजस्थान में कांग्रेस काल मे बढ़ा अपराध का ग्राफ

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अपराधों को लेकर कांग्रेस कर रही है राजनीति, राजस्थान में कांग्रेस काल मे बढ़ा अपराध का ग्राफ

  • राजस्थान में बढ़ते अपराध पर खामोश कांग्रेस सरकार की भाजपा प्रदेश पैनलिस्ट सांवलाराम देवासी ने की घोर निंदा की।

भीनमाल. शांतिप्रिय माना जाने वाले राजस्थान अब अपराध और अपराधियों की शरणस्थली बन गया है।महिला अत्याचार थमने का नाम ही नही ले रहा है,दलितों पर जुल्म की इंतेहा हो गई,बलात्कार और दुष्कर्म जैसी घटनाओं की अनेकों खबरें रोज प्रदेष की रूह को जख्मी कर रही है। पहले विगत 20 महिनों में काग्रैस की सरकार ने सबसे बडा काम किया तो यह काम किया है कि राजस्थान को सर्वाधिक अपराध ग्रस्त राज्यों में शामिल कर, आज प्रदेश को अपराधों की राजधानी बना दिया है। बढतें अपराधों से जनता भयभीत है और अपराधियों के होसलें बुंलद है,लाखों मुकदमें दर्ज होना प्रदेष के अपराधों की पोल खोलता है। राजनीतिक संरक्षण से अपराधियों का मनोबल प्रतिदिन बढता जा रहा है,वह राजस्थान के भविष्य को भी संकट में डालने वाला है। अशोक गहलोत गृहमंत्री के नाते अपराधों पर नियंत्रण में पूर्णतया विफल। आज नही अनेक अवसरों पर प्रदेश भाजपा द्वारा मुख्यमंत्री जो कि प्रदेष के गृहमंत्री भी है इनको चेता चुके है।
आज के समय में प्रदेश भर में गैगरेप ,दुष्कर्म ,बलात्कार ,आत्महत्याए ,बजरी माफिया के दुस्साहस ,लूट ,मिलावट ,सटा ,झांसा ,नकबजनी ,चोरी जैसी सुर्खियों से भरे है, कोई भी लोक कल्याणकारी सरकार लोगो को सुरक्षा देती है,भरोषा देती है,आष्वासन देती है इस तरिके के काम जरूर करती है जिससे अपराधियों पर लगाम लगें लेकिन वे बेलगाम है। नेशनल क्राइम रिकार्ड ब्यूरो की रिपोर्ट के अनुसार राजस्थान दुष्कर्म के मामलें में पहले नंबर पर है और अपराधों के मामले में दुसरे स्थान पर है। रिपोर्ट के अनुसार 2019 में राजस्थान में करीब 6000 बलात्कार के मामलेें, वहीं जयपुर में जो कि प्रदेश राजधानी में 517 मामले सामने आयें।
अलवर के थानागाजी इलाकें में पति कों बंधक बनाकर 5 युवकों द्वारा सामुहिक दुष्कर्म का मामला, जिसमें विडियों वायरल किया पुलिस चुनाव के कारण चुप रही। उदयपुर के सविना रेल्वे फाटक निकट दुल्हे को पीटकर दुल्हन का अपहरण का मामला,दौसा जिले के मेंहदीपुर बालाजी में 15 वर्षीय बालिका से दुष्कर्म का मामला, जिसमें पीडिता मानसिक व षारीरिक रूप से बीमार थी, धोलपुर कें कौलारी थाना क्षैत्र में महिला की हत्या का मामला, जिसमें 16 साल के किषोर ने खोला हत्या का राज,उसने बताया कि चार लोगो ने मां से किया दुष्कर्म,विरोध करने पर हत्या की, कोटा के महावीर नगर थाना क्षैत्र में पुलिस द्वारा हत्या कर पेट्रोल डाल कर शव को जलानें का आरोप, हनुमानगढ जिले के पीलीबंगा कस्बें निकटवर्ती गांव में दलित किषोरी को उठाकर गैगरेप का मामला, ब्लैकमेल की धमकी, बाडमेंर के शिव पंचायत के काशमीर गांव में मतदान से 5 दिन पूर्व वार्डपंच प्रत्याषी की संदिग्ध मौत, हत्या का आरोप, सिरोही जिलें के तेलपीखेडा इलाके में महज 8 साल की मासूम को नही छोडा,हैवानियत के बाद हत्या कर दी,बच्ची आदिवासी परिवार की थी।बांसवाडा जिले के खमेरा पुलिस थाना क्षैत्र का मामला है जिसमें अस्पताल में नग्न अवस्था में एक लाष मिली, अजमेर के रामगंज थाना क्षैत्र में एक दलित महिला अपने मायके जा रही थी तो महिला का बंधक बनाकर दुष्कर्म का मामला, भरतपुर जिले के कैथवाडा थाना क्षैत्र बांसोली गांव में 8 साल की बच्ची का अपहरण कर,चार जनों ने मिलकर गैगरेप का मामला ऐसे सैकडों मामले प्रदेश भर हो रहे है।

खुद प्रदेश के मुख्यमंत्री कह रहे है कि अपनी मर्जी से गई थी लडकिया।

हाल ही में बारां में दो नाबालिग लड़कियों को बहला फुसला कर लड़के ले गए, नशीला पदार्थ खिलाया और दो दिन तक बलात्कार करते रहे। पुलिस ने परिवार वालों की नहीं सुनी और अब मुख्यमंत्री गहलोत जी का कहना है कि लड़कियाँ अपनी मर्जी से गयी थीं

जालोर जिला बना अपराधों का गढ़ :

जिले सहित क्षेत्र में पिछले दिनों में रामसीन में एक विधवा मां के बेटा बैक जाने निकला था 15 दिन बाद ओरण में संदिग्ध अवस्था में शव मिलने का मामला, पाथेडी में एक युवती का ओरण संदिग्ध अवस्था में शव मिलने का मामला, भीनमाल में एक अज्ञात शव मिलने का मामला, भीनमाल शहर सहित जालोर जिलें भर में हनी ट्रेप के मामलें, जालोर के जवाई नदी भूमाफिया ने पुलिसकर्मी के साथ मारपीट का मामला इसके साथ ही प्रदेश भर में स्मेक के मामलें में जालोर को उडता पंजाब भी कहते है,स्मेक के साथ अवैध हथियारों का काफी बोलबाला है जालोर के सांचोर क्षैत्र में बेखोफ अवैध हथियार लिये घुमते है।

पिछले दिनों पूर्व उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट का बयान सामने आया था कि कुछ समय सें प्रदेश में कानून व्यवस्था ठीक नही है। तत्कालीन उप मुख्यमंत्री खुद स्वीकार करे इससे बडा साक्ष्य क्या हो सकता है।

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